में तो लोबान जैसी एक खुशबू हूँ Hindi Muktak By Naresh K. Dodia

में तो लोबान जैसी एक खुशबू हूँ  Hindi Muktak By Naresh K. Dodia
में तो लोबान जैसी एक खुशबू हूँ  Hindi Muktak By Naresh K. Dodia
हमारे दर्द की ऐसी दवा कर दे
तुं दिल में अपने मेरी इक जगा कर दे 
में तो लोबान जैसी एक खुशबू हूँ 
बदन में अपने मेरा दबदबा कर दे 
- नरेश के. डोडीया
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